: बालको अस्पताल ने सर्पदंश पीड़ित बालक की बचायी जान
Sun, Apr 9, 2023
बालकोनगर, 9 अप्रैल, 2023। बालके अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ विवेक सिन्हा के अगुवाई में डॉ जया और आईसीयू टीम ने सर्पदंश के शिकार एक बच्चे की जान बचाई। कोरबा जिले के बेलाकछार ग्राम निवासी गंगा और शत्रुघ्न चौहान के 3 वर्षीय पुत्र सत्या चौहान को खेलने के दौरान विषधर सांप करैत ने दंश मार दिया था। हालत बिगड़ने पर मरीज को बेहोशी की नाजुक स्थिति में परिजनों द्वारा अस्पताल में भर्ती कराया गया।
परिजनों ने सत्या की जिंदगी की आस छोड़ दिए थे लेकिन इसी बीच बालको अस्पताल में तैनात डॉक्टर जया और उनकी टीम ने अपने प्रयासों और उचित उपचार से बच्चे की जान बचाई। बच्चे को अस्पताल में चेतनाहीनता की अवस्था में भर्ती कराया गया था। डॉ जया ने बताया कि सांप काटने के स्थान पर दाँतों के निशान काफी हल्के थे । डॉ ने बताया कि सर्पदंश से पीड़ित बच्चे को कुल 15 वायल एंटी वेनम लगाया गया एवं करीब दो दिन के इलाज के बाद बच्चे को पूरी तरह ठीक कर उसे हॉस्पिटल से रिलीज कर दिया गया।
बालको अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ विवेक सिन्हा ने कहा कि हमारे डॉक्टर्स हमेशा ही प्रयास करते हैं कि मरीजों को उचित उपचार मिले। गंभीर स्थिति में भी डॉक्टरों ने मरीज की जान बचाई जिससे मुझे काफी खुशी है। उन्होंने कहा कि सर्पदंश के मामले में किसी प्रकार की भ्रांति में ना रहे और ना ही झाड़-फूंक के चक्कर में पड़े। सर्पदंश का प्राथमिक उपचार शीघ्र करना चाहिए। अतः विषैले साँप के काटे जाने पर बिना घबराये तुरन्त ही नजदीकी अस्पताल जाना चाहिये जहां एंटी वेनम उपलब्ध हो।
सत्या की मां गंगा चौहान ने कहा कि 'सांप काटने के बाद मैं बालको अस्पताल में अपने बच्चे को लेकर आई। यहां के डॉक्टरों की वजह से मेरा बच्चा मौत के मुंह से वापस आ पाया है। मैं इतनी खुश हूं कि मेरे पास यहां के डॉक्टरों की तारीफ करने के लिए शब्द नहीं है। डॉक्टर भगवान के रूप होते हैं और सच में भगवान ने मेरे बच्चे को बचा लिया। मरीज के परिवारजनों ने बताया कि बालको अस्पताल की सुविधाएं उत्कृष्ट हैं।
: बालको ने कर्मचारियों के साथ मनाया विश्व स्वास्थ्य दिवस
Fri, Apr 7, 2023
बालकोनगर, 7 अप्रैल, 2023। वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने अपने कर्मचारियों के बीच स्वस्थ जीवन शैली को बढ़ावा देने वाले विभिन्न कार्यक्रमों के साथ विश्व स्वास्थ्य दिवस मनाया। कंपनी ने पोषणयुक्त भोजन से लेकर शारीरिक व्यायाम एवं विभिन्न स्वास्थ्य आदतों को अपनाने की बात करते हुए स्वास्थ्य और स्वस्थ जीवन शैली के महत्व के बारे में जागरूकता प्रदान की।
कंपनी ने दैनिक जीवन में शारीरिक व्यायाम के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए पूरे संयंत्र में विभिन्न स्थानों पर ज़ुम्बा सत्र आयोजित किए। इसमें 500 से अधिक कर्मचारियों ने हिस्सा लिया जिसमें सभी ने कार्डियो मूव्स के साथ मनोरंजक तरीके से नृत्यकला का आनंद लिया। बालको ने अपने कर्मचारियों को संतुलित और स्वस्थ आहार सुनिश्चित करने के लिए अत्यधिक पौष्टिक खाद्य पदार्थों के साथ संतुलित भोजन प्रदान किया। ये खाद्य पदार्थ नियमित भोजन के साथ सभी कैंटीनों में उपलब्ध थे। कर्मचारियों के बीच स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता के साथ स्वस्थ आदतों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से उनकी कैलोरी की संख्या के बारे में जानकारी दी गई। 3000 से अधिक कर्मचारियों ने खुशी-खुशी इन भोजन में हिस्सा लिया और इस पहल की सराहना की।
कंपनी ने अपने कर्मचारियों को तस्वीरें साझा करने और रील या वीडियो बनाने के लिए भी प्रोत्साहित किया जो उनके स्वस्थ जीवन शैली को प्रदर्शित करता है। इस पहल का उद्देश्य अपने सहयोगियों को स्वस्थ आदतों को अपनाने और कार्यस्थल पर स्वस्थ कार्य संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए प्रेरित करना है। इन कार्यक्रमों में भाग लेकर, कर्मचारियों को अपने स्वास्थ्य और कल्याण को प्राथमिकता देने के लिए एक-दूसरे को प्रेरित करने और प्रोत्साहित करने का अवसर मिला।
स्वास्थ्य संबंधी पहलों के बारे में बात करते हुए बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक श्री राजेश कुमार ने कहा कि बालको अपने कर्मचारियों के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देता है और एक स्वस्थ कार्य संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। हम अपने प्रयासों के माध्यम से कार्यस्थल एवं समुदायों में स्वास्थ्य को बढ़ावा देना जारी रखेंगे तथा एक स्वस्थ और बेहतर समाज के लिए आगे बढ़ेंगे जो लाभकारी सिद्ध होगा।
: हमारे भगवान जगत् बनाते हैं और स्वयं जगत् बनते भी हैं - पुरी शंकराचार्य
Thu, Apr 6, 2023
अरविन्द तिवारी की रिपोर्टरायपुर - हमारे भगवान जगत् बनाने हैं और जगत् बनते भी हैं इसलिये राम , कृष्णादि के रूप में साक्षात अवतार भी लेते हैं। जबकि जिनके भगवान सिर्फ जगत् बनाते हैं स्वयं जगत् नहीं बन सकते उनका अवतार सम्भव नहीं हो सकता। हमारे भगवान निर्गुण , निराकार हैं तथा सगुण , निराकार और सगुण , साकार के रूप में भी अभिव्यक्त होते हैं। आकाश , वायु, तेज , जल और पृथ्वी पञ्चभूत हैं और शब्द , स्पर्श , रूप , रस और गन्ध गुणों से युक्त हैं। पृथ्वी पांच गुणों से, जल चार गुणों से , तेज तीन गुणों से , वायु दो गुणों से तथा आकाश सिर्फ एक गुण शब्द से युक्त है। शब्द , स्पर्श , रूप , रस और गन्ध गुणों से ही पञ्चभूतों की भौतिकता प्रगट होती है।
उक्त बातें पूर्वाम्नाय गोवर्धन मठ पुरी पीठाधीश्वर श्रीमज्जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद सरस्वती जी महाराज ने अभनपुर के ब्लाक कालोनी मैदान में आयोजित धर्मसभा में शिष्यवृंदों को संबोधित करते हुये कही।दस दिवसीय प्रवास पर छग पहुंचे पुरी शंकराचार्यगौरतलब है कि हिन्दू राष्ट्र निर्माण के अंतर्गत राष्ट्रोत्कर्ष अभियान में श्रीगोवर्द्धनमठ पुरीपीठाधीश्वर श्रीमज्जगद्गरु शंकराचार्य पूज्यपाद स्वामी निश्चलानन्द सरस्वतीजी महाभाग अपने दस दिवसीय छत्तीसगढ़ प्रवास के प्रथम चरण में पुरी से रेलमार्ग द्वारा मंगलवार की सुबह राजधानी रायपुर रेलवे स्टेशन पहुँचे। यहां पहुंचने पर धर्मसंघ पीठपरिषद् , आदित्यवाहिनी , आनन्द वाहिनी संगठन तथा भक्तवृन्दों ने उनका भव्य स्वागत किया। स्वागत पश्चात पुरी शंकराचार्यजी यहां से अभनपुर प्रस्थान किये जहाँ आशुतोष अल्का भवन में अभनपुर वासियों ने आत्मीय स्वागत किया। सायं ब्लॉक मैदान अभनपुर में विशाल धर्मसभा आयोजित हुई जिसमें उपस्थित श्रद्धालुओं को शंकराचार्य के दिव्य वाणी से आध्यात्मिक संदेश प्राप्त हुआ। वहीं बुधवार प्रातः निवास स्थल पर हिन्दू राष्ट्र संगोष्ठी एवं दीक्षा का कार्यक्रम समाप्ति पश्चात महाराजश्री सड़क मार्ग से प्रांतीय कार्यालय श्री सुदर्शन संस्थानम् रावांभाठा रायपुर पहुँचे , जहाँ उनका 09 अप्रैल तक प्रवास रहेगा। शंकराचार्य आश्रम में प्रतिदिन प्रात:कालीन सत्र में संगोष्ठी आयोजित होगी जिसमें भक्तजनों के धर्म, राष्ट्र एवं ईश्वर से संबंधित जिज्ञासाओं का समाधान होगा तथा सायंकाल शंकराचार्यजी का आमभक्तों को दर्शन सुलभ रहेगा। इन दिनों में शंकराचार्य आश्रम पर प्रदेश के सभी अंचलों से संगठन के पदाधिकारी गण उपस्थित रहकर संगठन संचालन एवं विस्तार के संबंध में पूज्यश्री से आवश्यक मार्गदर्शन भी प्राप्त कर सकेंगे। प्रादेशिक प्रवास की अगली कड़ी में 09 अप्रैल को अपरान्ह रेलमार्ग से चाम्पा के लिये प्रस्थान करेंगे। सायं चाम्पा रेल्वे स्टेशन पहुँचने पर जिलेवासियों द्वारा भव्य स्वागत पश्चात सड़क मार्ग से कोरबा प्रस्थान करेंगे। कोरबा में घंटाघर चौक के समीप रामजानकी मंदिर परिसर में राजपूत क्षत्रिय भवन में निवास रहेगा। निवास स्थल पर ही 10 एवं 11 अप्रैल को पूर्वाह्न ग्यारह बजे से संगोष्ठी , दीक्षा आयोजित होगी वहीं 10 अप्रैल सायं चार बजे से निहारिका के समीप दशहरा मैदान में विशाल हिन्दू राष्ट्र धर्मसभा का आयोजन है। इस धर्मसभा में सभी सनातनियों को रामराज्य समन्वित एवं सनातन संस्कृति पर आधारित हिन्दू राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका का बोध होगा तथा इस पुनीत कार्य में अपनी सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित कर संकल्प लेने का सुअवसर भी होगा। कोरबा में सभी कार्यक्रमो की समाप्ति पश्चात 11 अप्रैल को सायं लिंक एक्स्प्रेस से शंकराचार्यजी बिलासपुर पहुँचेंगे , जहाँ नया बस स्टैंड स्थित झूलेलाल भवन , तिफरा में निवास निर्धारित है। वहाँ 12 एवं 13 अप्रैल को प्रातः संगोष्ठी एवं 12 अप्रैल को सायं सीएमडी महाविद्यालय मैदान में विशाल धर्मसभा आयोजित है। पुरी शंकराचार्यजी 13 अप्रैल को रात्रि में रेलमार्ग से सतना होते हुये रीवाॅं प्रस्थान करेंगे। गौरतलब है कि जब से पुरी शंकराचार्यजी द्वारा भारत को हिन्दू राष्ट्र के रूप में उद्भाषित करने की घोषणा की है जिसके उपरांत उनके प्रवास कार्यक्रम में हिन्दू राष्ट्र निर्माण के संबंध में सभी सनातनियों के मन में उत्साह , उमंग संचारित है।