: विधिक जागरूकता शिविर का हुआ आयोजन,स्कूली छात्र-छात्राओं को साइबर क्राइम एवं संरक्षण अधिनियमों की दी गई जानकारी
Wed, Feb 15, 2023
कोरबा 15 फरवरी 2023/श्री डी.एल. कटकवार, जिला एवं सत्र न्यायाधीश जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोरबा के मार्गदर्शन एवं निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोरबा के द्वारा छात्र-छात्राओं को जागरूक किये जाने के प्रयोजनार्थ विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन डी.ए.व्ही. मुख्यमंत्री पब्लिक स्कूल खरमोरा जिला कोरबा में किया गया। उक्त शिविर में श्री विक्रम प्रताप चन्द्रा, विशेष न्यायाधीश, (पाॅक्सो) एक्ट कोरबा के द्वारा अपने उद्बोधन में कहा गया कि अपने व्यवहार से यदि किसी दूसरे व्यक्ति को बुरा लगता है चाहे वे शब्दों से क्यों न हो अपराध होता है। कोई भी शब्द जिससे दूसरे व्यक्ति को आहत या बुरा लगता है अपराध की श्रेणी में आता है। उनके द्वारा लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम से संबंधित जानकारी देते हुये छात्र-छात्राओं के द्वारा पूछे गये सवाल, प्रथम सूचना रिपोर्ट, एफ.आई.आर. क्रिमिनल प्रोसिजर एक्ट, गुड-टच बेड टच, मोटर दुर्घटना दावा अधिनियम के साथ विधिक सेवा अधिनियम की जानकारी देते हुये कहा कि तहसील स्तर से लेकर उच्चतम न्यायालय स्तर तक पात्र व्यक्तियों को जिसमें महिला, बच्चे, अभिरक्षाधीन बंदी, आपदाग्रस्ति पीड़ित एवं अन्य किसी आय एक लाख पचास हजार तक के व्यक्तियों को निःशुल्क विधिक सहायता प्रदान किया जाता है। इसके कोर्ट फ्री अधिवक्ताओं का शुल्क शामिल है।
श्री कृष्ण कुमार सूर्यवंशी, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोरबा के द्वारा मोटर दुर्घटना अधिनियम की जानकारी देते हुये कहा गया आज की स्थिति में मोबाईल फोन का सभी उपयोग कर रहे हैं, बिना कुछ सोचे समझे कोई भी मैसेज को फारवर्ड कर दिया जाना भविष्य में आपके लिये मुश्किल खड़ा कर देगा। पुलिस के द्वारा सायबर सेल से आसानी से आपके मोबाईल के द्वारा भेजे गये मैसेज को पढ़ लिया जाता है। अतः मोबाईल का ज्यादा से ज्यादा ज्ञान अर्जन करने में उपयोग किया जावें। बिना ड्रायविंग लाईसेंस, बिना आर.सी. बुक, वाहन के बीमा बिना वाहन का चालन कदापि न करंें यदि वाहन से किसी भी तरह की दुर्घटना होने पर आपको या आपके परिवार को बहुत बड़ी आर्थिक क्षर्ति हो सकती है। इसके अतिरिक्त लैंगिक अपराधों से बालको का संरक्षण अधिनियम 012, किशोरी बालिकाओं के प्रति समाज में बढ़ते अपराध, आई.टी. एक्ट, मोटर यान अधिनियम के कानूनी प्रावधान, से संबंधित जानकारी दी गई।
: मस्तूरी हत्याकांड में दोस्त ही निकला कातिल
Wed, Feb 15, 2023
अरविन्द तिवारी की रिपोर्टबिलासपुर - न्यायधानी से मस्तूरी बुलाकर सूनसान जगह पर चाकू व पत्थर से वार कर अंधेकत्ल को अंजाम देने वाले दो आरोपियों को महज कुछ घंटों में ही गिरफ्तार करने में मस्तूरी पुलिस ने सफलता हासिल की है।
इस मामले का खुलासा करते हुये अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण राहुल देव शर्मा ने प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि गत दिवस 13 फरवरी को सुबह करीब साढ़े नौ बजे थाना मस्तूरी मे सूचना आया कि ग्राम मस्तूरी के शराब भट्ठी के आगे दुदीनार खार में नहर किनारे गढ्ढा मे एक अज्ञात व्यक्ति का शव पड़ा है। सूचना तस्दीकी हेतु मस्तूरी थाना प्रभारी प्रकाश कांत अपने स्टाफ के साथ तत्काल मौके पर पहुंचकर मौका तस्दीक किया गया। मौके पर करीब 30 वर्षीय अज्ञात एक पुरुष का शव खुन से लथपथ मिला , जिसके शरीर पर कई जगह चोट के निशान थे। शव को देखकर प्रथम दृष्टया उक्त अज्ञात व्यक्ति का हत्या होना प्रतीत हो रहा था। हालात को देखते हुये थाना प्रभारी मस्तूरी के द्वारा तत्काल पुलिस अधीक्षक महोदय बिलासपुर संतोष सिंह , अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय ग्रामीण राहुल देव शर्मा को घटना से अवगत कराया गया। जिस पर जिला के संवेदनशील पुलिस अधीक्षक महोदय संतोष सिंह के द्वारा तत्काल एक्शन लेते हुये अज्ञात शव की पहचान एवं अज्ञात आरोपीयों की धरपकड़ करने हेतु अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय ग्रामीण राहुल देव शर्मा द्वारा एसीसीयू टीम डाग स्क्वायड टीम फॉरंशिक टीन बिलासपुर को तत्काल घटनास्थल मस्तुरी रवाना किया गया। इस दौरान मस्तूरी स्टाफ के द्वारा घटनास्थल को चारो तरफ से सील कर सुरक्षित रखा गया था। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय ग्रामीण राहुल देव शर्मा , एसीसीयू टीन , डाग स्क्वायड टीम फॉरेशिक टीम बिलासपुर के घटनास्थल पर पहुंचने पर मृतक के बेग की तलाशी ली गई , जिसमे जमीन संबंधी बहुत सारे दस्तावेज के साथ - साथ नरेश सिंह एव मंजू सिंह के नाम से दो आधार कार्ड एवं पेन कार्ड मिला। जिसमें पता वार्ड नंबर 30 ठाकुरदेव मंदिर के पास फजलबाडा गांधी चौक बिलासपुर लिखा था एवं एक अन्य दस्तावेज आधार कार्ड में पता परिवर्तन फार्म मिला था जो गत नौ फरवरी को जारी हुआ था , जिसे वार्ड पार्षद वार्ड क्रमांक 33 गांधी नगर बिलासपुर के द्वारा सत्यापित किया गया था तथा उस फार्म पर उल्लेखित मोबाईल नंबर से संपर्क कर मृतक के पहचान के बारे में पूछताछ किया गया। जिस पर पता चला कि उक्त फार्म में उल्लेखित नाम मंजू सिंह मृतक की मां है एवं वर्तमान में ये लोग विवेकानंद कालोनी मोपका सरकण्डा में निवासरत हैं। तब मृतक की पहचान सुनिश्चित करने हेतु अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय राहुलदेव शर्मा के द्वारा सीएसपी सिविल लाईन आईपीएस प्रशिक्षु संदीप पटेल एवं पुलिस सहायता केंद्र प्रभारी मोपका को विवेकानंद कालोनी मोपका रवाना किया गया। इसी दौरान पुनः वार्ड के 33 गांधी नगर के पार्षद से फोन पर मृतक के संबंध में विस्तृत जानकारी ली गई जिस पर उनके द्वारा मृतक के मामा उमेश सिंह ठाकुर का मोबाईल नंबर दिया गया , जिस पर तत्काल संपर्क कर मृतक की हुलिया बताकर मृतक के सबंध मे पूछताछ किया गया। जिस पर पता चला कि उनका भांजा अनिश सिंह ठाकुर का मोबाईल नंबर कल से बंद आ रहा है तथा उनका कोई अता पता नहीं चल रहा है। तब मृतक के मामा उमेश सिंह ठाकुर को मृतक का फोटो भेजकर पहचान कराई गई। फोटो को देखकर मृतक के मामा तत्काल अपने भांजे के रूप में पहचान कर मौका घटनास्थल मस्तूरी के लिये अपने परीजन के साथ रवाना हुये। मृतक की पहचान होते ही मृतक की पहचान की सूचना अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय ग्रामीण के द्वारा पुलिस अधीक्षक महोदय बिलासपुर को दी गई तथा उनसे अज्ञात आरोपियों की धरपकड़ हेतु दिशानिर्देश प्राप्त कर घटना स्थल पर प्राप्त साक्ष्य के आधार पर आरोपीयों तक पहुंचने हेतु श्रीमान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ( ग्रामीण ) के नेतृत्व में डाक स्क्वॉट टीम की मदद से अज्ञात आरोपीयों का पिछा / पता तलाश किया गया। इसके अलावा आसपास क्षेत्र के सभी सीसीटीवी फुटेज को चेक किया गया व साथ साथ थाना मस्तूरी एसीसीयू टीम के द्वारा लोकल मुखबीर सूचना के माध्यम से मृतक घटना के पूर्व किन - किन लोगों से मिला कहां कहां गया की जानकारी ली गई। इसी दौरान पता चला कि मृतक दोपहर से शाम तक थाना सिटी कोतवाली में गिरफ्तार हुये कबाडियों को छुड़ाने थाना सिटी कोतवाली में उपस्थित था जो करीबन छह बजे थाना से निकला था। लोकल मुखबीर , एसीसीयू टीम एवं थाना मस्तूरी स्टाफ की टीम लगातार अथक प्रयास से पता चला कि मृतक अनिश सिंह ठाकुर अपने दोस्त निकेश कौशिक निवासी तेलीपारा बिलासपुर की पल्सर बाईक को मांग कर कही गया था। तब अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय ग्रामीण के निर्देश पर थाना प्रभारी सिटी कोतवाली निरीक्षक प्रदीप आर्या ने अपने टीम के साथ निकेश कौशिक निवासी तेलीपारा से संपर्क कर पूछताछ किया। जिस पर निकेश कौशिक ने बताया कि मृतक अनिश सिंह उसका दोस्त है जो बारह फरवरी के शाम करीबन साढ़े छह बजे उसके पास आकर उसका पल्सर मोटर सायकल मांगा। उसके द्वारा कहां जा रहे हो पुछने पर बताया था कि वह अपने दो दोस्त शिबु और अरमान को लाने मस्तूरी जा रहा है। तब वह उसका मोटर सायकल तसे दे दिया था तब थाना प्रभारी कोतवाली के द्वारा शिबु खान व अरमान खान को तलब कर कोतवाली थाना लाया गया। जहां से प्रारंभिक पूछताछ उपरांत अग्रीम पूछताछ करने हेतु दोनों को थाना मस्तूरी ले जाकर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय ग्रामीण के नेतृत्व में थाना प्रभारी मस्तूरी निरीक्षक प्रकाश कांत व एसीसीयू प्रभारी निरीक्षक धर्मेन्द्र वैष्णव ने शिबू और अरमान से सक्ति से पृथक - पृथक पूछताछ करने पर दोनों आरोपी टुट गये और अपना गुनाह कबूल कर लिये जिस पर दोनो आरोपियों से हत्या के कारण पूछने पर बताये कि दोनों आरोपी अवैध कबाढ़ का धंधा करते है। गत बारह फरवरी को बिलासपुर में अवैध कबाड़ियों के खिलाफ कार्यवाही चल रही थी तो दोनो पकड़ाने के डर से करीब एक बजे दोपहर को मस्तूरी मे आकर लूकछिप रहे थे। मृतक काफी दिनों से दोनो को धमकी देता था कि उन दोनों को झूठी कंस में जेल भेजवा कर उनके घर को कब्जा कर लेगा जिससे दोनो परेशान थे। बारह फरवरी को भी मृतक ने ये दोनों से फोन कर बिलासपुर आने के लिये दबाव बना रहा था। दोनों को लगा कि मृतक दोनों को बिलासपुर बुलाकर दोनों के अवैध कबाड़ के बारे में पुलिस को बताकर पुलिस में पकड़वा कर उनके घर को कब्जा करने के फिराक में है। अतः दोनों ने मिल कर मृतक अनिश सिंह को हमेशा के लिये रास्ते से हटाने का प्लान बनाया और आपराधिक षडयंत्र कर मृतक को अकेले बिलासपुर से मस्तूरी बुलाकर अपने बताये अनुसार सुनसान जगह में दोनों ने मिलकर मृतक को चाकू से ताबड़तोड़ वार कर एवं मृतक के सर को पत्थर से कुचल कर हत्या कर दिये है तथा मृतक के दोनो मोबाईल को तोड़ दिये है व साक्ष्य छुपाने के लिये घटना में प्रयुक्त चाकू तथा तोड़े हुए मोबाईल को घटना स्थल से करीब सात किमी दूर हाईवे किनारे दरीघाट के झाड़ी में फेंक दिये है व मृतक के मोटर सायकल को बिलासपुर रेल्वे स्टेशन मे बुधवारी बाजार के पीछे गली में खड़ा कर लॉक करके छोड़ दिये है। थाना मस्तूरी के द्वारा आरोपीयों के बताये अनुसार घटना में प्रयुक्त चाकू मृतक का टुटे हुये मोबाईल व बाईक को जप्त किया गया है एवं दोनो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है जो रिमाण्ड हेतु माननीय न्यायायल पेश की जाती है। इस संपूर्ण कार्यवाही में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय ग्रामीण राहुल देव शर्मा , सीएसपी सिविल लाईन संदीप पटेल , थाना प्रभारी मस्तूरी निरीक्षक प्रकाश कांत , एसीसीयू प्रमारी धर्मेन्द्र वैष्णव , थाना प्रभारी सिटी कोतवाली प्रदीप आर्या , पुलिस सहायता केंद्र प्रभारी उप निरीक्षक राजसिंह महिलांगे ,थाना मस्तूरी से सउनि हेमंत पाटले , राजेश सिंह , प्रधान आरक्षक सुबंध साय सिदार , बलवीर सिंह एवं एसीसीयू की टीम डाग स्क्वॉड की टीम का विशेष योगदान रहा।
: सुनियोजित तरीके से किये गये अंधेकत्ल के दो आरोपी जेल दाखिल
Wed, Feb 15, 2023
अरविन्द तिवारी की रिपोर्टजांजगीर चांपा - गत दिवस घर में हुई युवती के अंधेकत्ल का चौबीस घंटे में ही पर्दाफाश करने में जांजगीर पुलिस को सफलता मिली है। इस हत्याकांड को दो आरोपियों द्वारा सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया था। आरोपी का मृतिका से पिछले छह वर्षों से जान पहचान था। घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी ने अपनी पहचान छुपाने के लिये रायगढ़ में बाल कटा लिया था। हत्या के बाद लूट किये गये सभी मोबाइल , आभूषण और स्कूटी को भी आरोपियों से जब्त किया गया।
इस अंधेकत्ल का खुलासा करते हुये पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सभाकक्ष में पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल ने बताया गत 13 फरवरी को पुलिस को यादव चौक के पास अपने घर में एक युवती की अज्ञात कारणों से मृत अवस्था में बेड में शव मिलने की सूचना प्राप्त हुई। सूचना पर तत्काल थाना प्रभारी जांजगीर स्टाफ के साथ घटनास्थल पहुंच कर मामले की तस्दीक के बाद थाना जांजगीर में मर्ग क्रमांक 22/23 धारा 174 जा.फौ. का कायम कर जांच में लिया गया। मर्ग जांच के दौरान एफएसएल के वैज्ञानिक अधिकारी , फिंगर प्रिंट विशेषज्ञ तथा डॉग स्काट की मदद लेकर घटनास्थल व मृतिका के शव का निरीक्षण किया गया। शव का विधिवत पंचनामा कार्यवाही किया गया , मृतिका युवती के शव का पोस्टमार्टम कराया गया। डॉक्टर के द्वारा शार्ट पी०एम० रिपोर्ट में मृतिका की मौत की प्रकृति हत्यात्मक प्रतीत होना लेखबद्ध किया गया। संपूर्ण मर्ग जांच में प्रथम दृष्टया संज्ञेय अपराध का घटित होना पाये जाने से थाना जांजगीर में अपराध क्रमांक 143/2023 धारा 302 , 397, भादवि कायम कर विवेचना में लिया गया। पुलिस अधीक्षक महोदय श्री विजय अग्रवाल (भापुसे) के निर्देश में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी(रापुसे) के मार्गदर्शन पर सायबर टीम के माध्यम से तकनीकी जानकारी जुटाई गई। संदेहियों के पतासाजी हेतु अलग-अलग टीम गठित कर विभिन्न स्थानो पर भेजा गया तथा मुखबिर भी लगाया गया।प्रकरण में संदेही रोहन पाण्डु तथा राजेन्द्र सूर्या को पुलिस हिरासत में लेकर पुछताछ किया गया। पुछताछ के दौरान संदेहियों द्वारा अलग-अलग कहानी बताकर लगातार पुलिस को गुमराह किया जाता रहा। परन्तु तकनीकी विशलेषण तथा गोपनीय विश्वस्थ सूत्रो से प्राप्त जानकारी के आधार पर मनावैज्ञानिक तरिके से पूछताछ करने पर आरोपी रोहन पाण्डु तथा राजेन्द्र सूर्या ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। आरोपी रोहन पाण्डु मृतिका युवती को पिछले छह वर्षो से जानता है और उनका घर आना जाना करता है। मृतिका युवती के द्वारा अन्य व्यक्ति से मोबाईल पर देर रात तक बातचीत करने की वजह से रोहन पाण्डु मृतिका को मना करता था। मृतिका युवती के मोबाईल पर घटना दिनांक से तीन चार दिन पूर्व आरोपी रोहन पाण्डु किसी व्यक्ति का चैट भी देखा था जिस वजह से वाद विवाद किया था। आरोपी रोहन पाण्डु के द्वारा अपने मित्र राजेन्द्र के साथ मिलकर मृतिका युवती को सबक सिखाने की योजना बनाई गई थी। योजना के तहत दिनांक घटना को आरोपी रोहन व राजेन्द्र जांजगीर आये थे जहां आरोपी रोहन पाण्डु मृतिका युवती के घर जाकर एक होटल से खाना लाकर घर मेंं खाना खाये। मृतिका युवती के भाई के खाना में आरोपी रोहन के द्वारा नींद की गोली मिला दी गई थी , जिससे मृतिका का भाई बेहोशी की हालत में सो गया। आरोपी मृतिका के पास आकर पुनः किसी अन्य व्यक्ति से मोबाईल में बात करने पर वाद विवाद कर अपने साथी आरोपी राजेन्द्र सूर्या के साथ मिलकर युवती की गला दबाकर हत्या कर दिया। आरोपियों के द्वारा मृतिका के घर से सोने चांदी के जेवरात , 03 नग मोबाईल एवं स्कूटी लूटकर दोनों फरार हो गये थे। आरोपी रोहन पाण्डु फरार होने के पश्चात अपने पहचान (हुलिया) छिपाने के लिये रायगढ़ में जाकर अपना बाल भी कटवा लिया। आरोपियों के कब्जे से लूट की सम्पति सोने चांदी के जेवरात , मोबाईल एवं स्कुटी को बरामद कर लिया गया है। इस अंधेकत्ल को सुलझाने के लिये विशेष टीम का गठन किया गया था। जिसमें उप पुलिस अधीक्षक चंद्रशेखर परमा , उप पुलिस अधीक्षक तोबियस खाखा , निरीक्षक मनीष परिहार , निरीक्षक लखेश केंवट , निरीक्षक कामिल हक , उप निरीक्षक सुरेश ध्रुव , उप निरीक्षक गोपाल सतपथी , सउनि दिलीप सिंह , मुकेश पाण्डेय , प्रधान आरक्षक बलबीर सिंह , राजकुमार चंद्रा , जितेन्द्र सिंह परिहार , आरक्षक मनीष राजपुत , विरेन्द्र टंडन , विवेक सिंह एवं थाना जांजगीर और चौकी नैला स्टाफ का सराहनीय योगदान रहा।आरोपियों का नाम पता - रोहन पाण्डु उम्र 23 वर्ष निवासी भदौरा थाना मस्तुरी जिला बिलासपुर हा०मु० महामाया चौक कोनी रोड़ बिलासपुर और राजेन्द्र सूर्या उम्र 22 वर्ष निवासी भदौरा थाना मस्तुरी जिला बिलासपुर।बरामद सम्पत्ति - आरोपी रोहन पाण्डु के कब्जे से 03 नग मोबाईल , सोने की अंगुठी , सोने का लॉकेट , सोने का ब्रेसलेट , चांदी का सिक्का , स्मार्ट वार्च (घण्ड़ी) , चांदी एवं मोती ब्रेसलेट , कान का फुल्ली , स्कूटी क्रमांक सीजी 11 ए०वाई 6892 और दूसरे आरोपी राजेन्द्र सूर्या के कब्जे से - सोने का चेन , सोने का अंगुठी , चांदी का पायल , चांदी का सिक्का , एक मोबाईल एवं घटना में प्रयुक्त मोटर सायकल।