: जिले के उर्वरक, बीज एवं कीटनाशक दुकानों में अनियमितता पर कृषि विभाग द्वारा की जा रही कार्यवाही
Sat, Aug 5, 2023
कोरबा 04 अगस्त 23/ खरीफ सीजन में धान की खेती जोरो पर है इसके साथ ही उर्वरक एवं कीटनाशकों की मांग बढ़ती जा रही है। जिले में उर्वरक एवं कीटनाशकों की गुणवत्ता में किसी भी प्रकार मिलावट या कमी नही हो इसके लिए कृषि विभाग द्वारा पूरी तरह से कठोर कार्यवाही की जा रही है।
कृषि विभाग, कोरबा द्वारा किसानों को सही कीमत व उनके मांग अनुसार समय पर खाद उपलब्ध हो सके इसके सघन अभियान चलाया जा रहा है। साथ ही सहकारी एवं निजी दुकानों में किसी भी प्रकार की अनियमिता जैसे-पी.ओ.एस. मशीन एवं भौतिक स्कंध, अमानक स्तर के खाद, बीज एवं कीटनाशक दवा की बिक्री, गोदाम में उर्वरक, बीज भंडारण की स्थिति आदि प्रकार की अनियमिता पाये जाने के स्थिति में तत्काल विक्रय पर प्रतिबंध लगाते हुए कारण बताओ नोटिस दिया जा रहा है। और आगे भी यह प्रक्रिया सतत रूप से जारी रहेगा। जिले के किसानों को समय पर उच्च गुणवत्ता का खाद बीज एवं कीटनाशक दवाएं प्राप्त हो इसके लिए जिला प्रशासन पूरी तरह कड़ाई करते हुए लगातार सभी उर्वरक एवं बीज विक्रय केद्रों में निरीक्षण किया जा रहा है। सभी विक्रय केन्द्रो में निरीक्षण करते हुए समस्त दस्तावेज स्कंध पंजी, बील बुक, लॉइसेंस के साथ पीओएस स्टॉक का निरीक्षण किया जा रहा है।
अतः जिले के कुल 30 सहकारी एवं 28 निजी उर्वरक एवं बीज विक्रय केद्रों का निरीक्षण किया जा चुका है। जिसमें 9 निजी विक्रय केन्द्रो में अनियमिता पाये जाने पर स्पष्टीकरण (वि.ख.-करतला के मेसर्स पटेल खाद भंडार, ढोढ़ातराई, मेसर्स किसान क्लब, मेसर्स युवराज ट्रेडर्स वि.खं- पाली के मेसर्स गोस्वामी कृषि केन्द्र, मेसर्स किसान बीज भंडार, मेसर्स शिव खाद भंडार, मेसर्स नटवरलाल एण्ड संस पाली एवं विकासखंड-कोरबा के मेसर्स कबीर एग्रो में स्पष्टीकरण नोटिस दिये जाने के साथ-साथ जिले के मेसर्स जायसवाल खाद भंडार, पाली में अनुशासनात्मक कार्यवाही करते हुए बिक्री पर प्रतिबंध लगाया गया है।
: जिले में अब तक 600.5 मिलीमीटर औसत वर्षा हुई दर्ज
Sat, Aug 5, 2023
कोरबा 04 अगस्त 2023/ जिले में 01 जून से अब तक 600.5 मिमी औसत वर्षा हो चुकी है। जिले में बीते 10 वर्षों की तुलना में 04 अगस्त तक औसत वर्षा 581.0 मिमी हुई है। बीते दिवस जिले में 38.2 मिमी वर्षा हुई है।
भू-अभिलेख शाखा से प्राप्त जानकारी के अनुसार 01 जून से अब तक तहसील कोरबा में 566.1 मिमी, भैंसमा में 734.0 मिमी, करतला में 602.4 मिमी, कटघोरा में 714.0 मिमी, दर्री में 642.6 मिमी, पाली में 562.4 मिमी, हरदीबाजार में 430.6 मिमी, पोड़ी-उपरोड़ा में 593.0 मिमी एवं पसान में 559.8 मिमी वर्षा हो चुकी है। अब तक सर्वाधिक वर्षा भैंसमा तहसील में दर्ज की गई है।
: पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा कराने हेतु 16 अगस्त अंतिम तिथि
Sat, Aug 5, 2023
कोरबा 04 अगस्त 2023/ उद्यानिकी फसल उत्पादन कर रहे किसानों के लिए केला, अदरक, पपीता, टमाटर, बैंगन, मिर्च एवं अमरूद के लिए खरीफ वर्ष 2023-24 अंतर्गत पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना शासन की अधिसूचना के साथ छत्तीसगढ़ में लागू की गई है। जिले के इच्छुक ऋणी एवं अऋणी कृषक 16 अगस्त 2023 तक लोक सेवा केन्द्र, बैंक शाखा, सहकारी समिति या बीमा कंपनी (एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कंपनी) भारतीय कृषि बीमा कंपनी के प्रतिनिधि से या अपने नजदीकी शासकीय उद्यान रोपणी से संपर्क कर उद्यानिकी फसलों का बीमा करवा सकते है।
चयनित उद्यानिकी फसलों का बीमा कराये जाने के लिये किसानों को उन फसलों के लिए निर्धारित ऋणमान का 5 प्रतिशत प्रीमियम राशि के रूप में देना होगा, शेष प्रीमियम की राशि 50-50 प्रतिशत राज्य सरकार एवं केन्द्र सरकार द्वारा दिया जाएगा। अधिसूचित फसल टमाटर के लिए प्रति एकड़ बीमित राशि 1 लाख 20 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 6000, बैंगन के लिए बीमित राशि 77 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 3850 रुपए, अमरुद के लिए बीमित राशि 45 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 2250, केला के लिए बीमित राशि 85 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 4250 रुपए, मिर्च के लिए बीमित राशि 68 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 3400 रुपए, पपीता के लिए बीमित राशि 87 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 4350 रुपए और अदरक के लिए बीमित राशि 1 लाख 50 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 7500 रुपए निर्धारित है।
किसानों को विभिन्न मौसमी जोखिम जैसे- कम या अधिक तापमान, कम अधिक या बेमौसम वर्षा, बीमारी अनुकूल मौसम (कीट एवं व्याधि), ओलावृष्टि एवं चक्रवाती हवाएं, हवा की गति से फसलों को होने वाले क्षति से फसल बीमा का नियमानुसार लाभ प्राप्त होगा। खरीफ मौसम के टमाटर, बैंगन, अमरूद, केला, पपीता, मिर्च एवं अदरक फसल हेतु तापमान, वर्षा वायु गति एवं कीट व्याधि प्रकोप की स्थिति में कृषक इसकी सूचना सीधे बीमा कम्पनी के निःशुल्क टोल फ्री नं.-1800-419-0344/14474 पर तथा या लिखित रूप में 72 घंटे के भीतर संबंधित बैंक, स्थानीय राजस्व, उद्यानिकी, कृषि अधिकारी अथवा जिला उद्यान अधिकारी को बीमित फसल के ब्यौरे, क्षति की मात्रा तथा क्षति का कारण सहित सूचित कर सकते है।
सहायक संचालक उद्यान विभाग ने बताया कि कृषक अपने निकटतम शासकीय उद्यान रोपणी से इस संबंध में अधिक जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। जिसके अंतर्गत विकासखण्ड कोरबा के शासकीय उद्यान रोपणी पताड़ी के उद्यान अधीक्षक श्रीमती संजना बंजारे मोबाइल नंबर 7697678999, विकासखण्ड करतला के शासकीय उद्यान रोपणी पटियापाली में श्री डी. पी. मिश्रा 9907905061, विकासखण्ड कटघोरा के शासकीय उद्यान रोपणी पंडरीपानी में श्री शिवनाथ सिंह पैंकरा 6266327047, विकासखण्ड पोड़ी-उपरोड़ा के शासकीय उद्यान रोपणी नगोई में श्री सर्वेश्वर कुमार पटेल 8770947767 तथा विकासखण्ड पाली के शासकीय उद्यान रोपणी पोड़ीलाफा में श्री अर्जुन सिंह मरावी मो. नं. 9131902927 से संपर्क कर सकते हैं। इसी प्रकार उद्यानिकी फसल बीमा हेतु बीमा कंपनी के जिला प्रतिनिधि एवं विकासखण्ड प्रतिनिधि से भी संपर्क किया जा सकता है। जिसमें जिला प्रतिनिधि श्री रामेश्वर प्रसाद पटेल मो. नं. 8965044804, विकासखण्ड कोरबा के प्रक्षेत्र पर्यवेक्षक श्री प्रभाकर सोनी मो. नं. 9039389654, श्री शैलेन्द्र कुमार साहू मो. नं. 7400632554 से संपर्क किया जा सकता है। इसी प्रकार कटघोरा से श्री कमलेश कुमार उइके मो. नं. 7828685667, करतला से हरेन्द्र कुमार बरेठ मो. नं. 9399608737, श्री अभिषेक सोनी मो. नं. 8959556839 एवं श्री चित्रसेन मो. नं. 9098518044, पाली से शिव कुमार पटेल मो. नं. 9575650207 तथा पोड़ी उपरोड़ा से कमलेश कुमार साहू मो. नं. 9691536171 से संपर्क किया जा सकता है।