: बालको के विश ट्री पहल से समुदाय के बच्चों को मिली खुशियां
Mon, Feb 12, 2024
बालकोनगर, 12 फरवरी 2024। वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने समुदाय में बच्चों के चेहरे पर मुस्कान लाने के लिए अपने वार्षिक विश ट्री अभियान का सफल आयोजन किया। यह पहल स्थानीय समुदाय के बच्चों की ‘उपहार इच्छाओं’ को इकट्ठा करके उन्हें बालको के समर्पित कर्मचारी की सेवा भावना द्वारा पूरा किया गया। लगातार तीसरे वर्ष में समुदाय में खुशी को बढ़ावा देने के लिए समर्पित पहल में 16 से अधिक गांवों से सक्रिय भागीदारी देखी गई।
विश ट्री अभियान के तीसरे संस्करण को जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली है। बालको के प्रचालन क्षेत्र के आसपास के समुदाय और गांवों से 400 से अधिक ‘उपहार इच्छाओं’ को एकत्रित किया गया। 260 से अधिक बालको कर्मचारियों ने स्वेच्छा से आगे आकर देने की संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए आगे आये। ये इच्छाएँ मुख्य रूप से 3-10 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों की ओर से आईं हैं। बच्चों ने अपनी इच्छाओं में पेंसिल बॉक्स, खिलौने कपड़े, स्कूलबैग से लेकर जूते और अन्य ज़रूरी चीजों को शामिल किया। बालको के कर्मचारियों ने व्यक्तिगत रूप से उपहार वितरित करके इन इच्छाओं को पूरा किया और संतुष्टि की भावना का अनुभव किया।
बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक श्री राजेश कुमार ने कहा कि कंपनी अपने सामुदायिक विकास पहल के माध्यम से अपने स्थानीय समुदाय के जीवन पर सकारात्मक प्रभाव के लिए अपनी प्रतिबद्धता पर अटल हैं। बच्चों को हमारे भविष्य के निर्माता के रूप में पहचानते हुए हम उनकी क्षमता के पोषण की महत्वपूर्ण भूमिका को समझते हैं। हमारी पहल परिवर्तन लाने के लक्ष्य के साथ समुदाय के समग्र विकास पर केंद्रित है। सामुदायिक विकास की परिवर्तनकारी दृष्टिकोण को अपनाते हुए हम समुदायों के उत्थान और सशक्तीकरण की दिशा में सक्रिय रूप से काम करते हैं। विभिन्न पहल के माध्यम से बालको अपने कर्मचारियों के सहयोग से ’समाज को वापस लौटाने की संस्कृति’ को भी बढ़ावा दे रहा है जिसकी मदद से हम विश ट्री अभियान सफल हुआ है।
चुईया गांव के सरपंच शिवराज सिंह राठिया ने विश ट्री पहल की सराहना करते हुए कहा कि बालको अपने सामुदायिक कार्यों द्वारा समुदाय को खुद से जोड़ा है। बालको की पहल से हमारे समुदाय के बच्चों को सशक्त बनने का अवसर मिला है। इस अभियान के माध्यम से उनके विश पूरे हुए और उन्हें प्रोत्साहित भी किया गया। युवाओं के उतरोत्तर प्रगति में बालको ने अपनी दृष्टिकोण को मजबूती प्रदान करते हुए समुदाय में सकारात्मक प्रभाव पैदा कर रही है।
‘विश ट्री’ पहल के अलावा बालको अपने विभिन्न परियोजनाओं के माध्यम से समुदाय के बच्चों के समग्र विकास हेतु सक्रियता से योगदान दे रहा है। ग्रीष्मकालीन तथा शीतकालीन कैम्प और विज्ञान प्रदर्शनी के माध्यम से बालको कर्मचारियों ने बच्चों के कौशल एवं व्यक्तित्व विकास के अवसरों को सुगम बनाया है। साल भर बालको कर्मचारी प्रोजेक्ट कनेक्ट के तहत सरकारी स्कूलों के बच्चों के लिए सहायता कक्षाएं संचालित करते हैं। परियोजना मुख्य रूप से बालको कर्मचारियों तथा स्वयंसेवी शिक्षकों के माध्यम से छात्रों के ग्रेड में सुधार, शिक्षकों की क्षमता निर्माण और करियर परामर्श के लिए एक सक्षम वातावरण बनाकर सरकारी स्कूलों में सीखने के माहौल में सुधार लाने पर केंद्रित है। बालको अपने सामुदायिक विकास कार्यों द्वारा क्षेत्र के 123 गांवों के लगभग 1.5 लाख लोगों के जीवन में बदलाव ला रहा है।
--------------------------------
: बालको के विभिन्न पहल के माध्यम से युवा बन रहे है स्वावलंबी
Wed, Feb 7, 2024
बालकोनगर, 6 फरवरी, 2024। एक विकसित राष्ट्र के निर्माण युवाओं की भूमिका को समझते हुए भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड कंपनी (बालको) ने कौशल विकास पर ध्यान केंद्रित करके युवाओं को मजबूत बनाने की अपनी प्रतिबद्धता को लगातार आगे बढ़ाया है। बालको युवाओं के समग्र विकास को सुनिश्चित करने के लिए सामुदायिक सहभागिता सत्र के साथ शैक्षिक और शिक्षण संसाधन का अवसर प्रदान कर रहा है।
बालको की युवा-केंद्रित पहल वेदांता स्किल स्कूल आर्थिक स्थिति की वजह से स्कूल छोड़ने और बेरोजगार ग्रामीण युवा आबादी के जीवन में बदलाव ला रहा है। अपनी स्थापना के बाद से 11,000 से अधिक युवाओं को रोजगारपरक कौशल से लाभान्वित कर रहा है। यह छह आवश्यक ट्रेडों में निःशुल्क आवासीय प्रशिक्षण और तकनीकी कौशल के साथ-साथ 90 से अधिक प्रशिक्षुओं को संचार, सुरक्षा, कानूनी अधिकार और माहवारी स्वास्थ्य जैसे व्यवहारिक शिक्षा प्रदान करता है।
वेदांता स्किल स्कूल प्रशिक्षु प्रतिभा प्रमुख कपड़ा कंपनी में कार्यरत हैं। उन्होंने कहा कि वेदांता स्किल स्कूल में दाखिला लेना मेरे जीवन के सबसे अहम निर्णयों में से एक है। मुझे आर्थिक रूप से स्वतंत्र बनाने के लिए मैं बालको वेदांता स्किल स्कूल की बहुत आभारी हूं। संस्थान में प्रशिक्षण प्राप्त करने से मुझे अपने परिवार की देखभाल करने में मदद मिल रही है। संस्थान ने मेरे जीवन को बदलने और मुझे आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।प्रोजेक्ट कनेक्ट के अंतर्गत बालको ने सेमा विषयों (विज्ञान, अंग्रेजी, गणित और लेखा) पर बोर्ड परीक्षा की तैयारी के साथ-साथ उपचारात्मक कक्षाएं, व्यक्तिगत ट्यूशन, करियर मार्गदर्शन प्रदान करके 10वीं और 12वीं कक्षा के छात्रों को सर्वोपरि सहायता प्रदान करके एक अनुकूल सीखने का माहौल बनाने का लगातार प्रयास किया है। बालको के कनेक्ट परियोजना से लगभग 2500 युवा लाभान्वित हुए हैं।कनेक्ट परियोजना के साथ-साथ साइंस मित्र, ग्रीष्म और शीतकालीन शिविर पहलों में बालको कर्मचारियों के भी सत्र शामिल हैं जो अपना अनुभव साझा करके छात्रों को प्रोत्साहित करने का काम किये हैं। मार्गदर्शन सत्रों के माध्यम से छात्रों में महत्वपूर्ण कौशल विकास और आने वाली चुनौतियों को समझने में मदद मिली है। कर्मचारियों के इन प्रयासों से छात्रों में तार्किक सोच के साथ सीखने और समस्याओं से निपटने का दृष्टिकोण विकसित हुआ है।12वीं कक्षा में 86 प्रतिशत अंक प्राप्त करने वाली छात्रा शिवानी राठौड़ ने बताया कि प्रोजेक्ट कनेक्ट ने मेरी शैक्षणिक यात्रा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। नियमित और रेमिडियल अंग्रेजी कक्षाओं से मुझे सही मार्गदर्शन मिला जिससे इन विषय में मेरा आत्मविश्वास काफी बढ़ गया। शिवानी कहती हैं कि नयी किरण परियोजना युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए क्षमता निर्माण कार्यशाला और प्रशिक्षण की पेशकश पर केंद्रित एक पहल है। यह परियोजना युवाओं को माहवारी एवं स्वास्थ्य प्रबंधन (एमएचएम) के महत्व के बारे में जागरूकता फैलाने वाले एक मजबूत समुदाय का निर्माण करने में सक्षम बनाती है। उन्होंने कहा कि नयी किरण परियोजना ने एमएचएम विषय के जागरूकता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। आज मैं एमएचएम लीडर हूं और समुदाय में सकारात्मक बदलाव ला रही हूं।देश के युवा राष्ट्र निर्माण के प्रति अपने उत्तरदायित्व का मशाल लिए भारत को विकसित बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। राष्ट्र के भविष्य को आकार देने में युवाओं के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और कुशल कौशल महत्वपूर्ण हैं। कंपनी के कार्यबल में लगभग 20 प्रतिशत हिस्सा युवा कर्मचारियों की है जिनके कौशल विकास के लिए विभिन्न कार्यक्रम लागू किया गया है जिससे तेजी से बढ़ते वैश्विक मांगों के साथ तालमेल बिठाया जा सके। 'भविष्य की धातु' एल्यूमिनियम के उत्पादन में बालको का युवा कार्यबल में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है जो लगातार बढ़ रही वैश्विक प्रतिस्पर्धा में कंधे से कंधा मिलाकर आगे बढ़ने के लिए आवश्यक है।------------------------------------------------------------------------
: राज्य स्तरीय कबड्डी प्रतियोगिता में कोरबा क्लब बना सिरमौर
Tue, Feb 6, 2024
बेलाकछार बालको में युवा समिति के तत्वाधान में आयोजित राज्य स्तरीय कबड्डी प्रतियोगिता का समापन दर्शकों की अभूतपूर्व उपस्थिति में हुआ। समापन अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के जिला कार्यवाह कैलाश नाहक रहे। विशिष्ट अतिथि के तौर पर माननीय नगर संचालक अशोक तिवारी, केशव उपनगर कार्यवाह संतोष यादव, आशीष श्रीवास्तव, अनुसूचित जनजाति मोर्चा के पूर्व उपाध्यक्ष श्याम लाल मरावी, पिछड़ा वर्ग मोर्चा के जिलाध्यक्ष अनिरूद्ध चन्द्रा, जनपद सदस्य बलराम साहू, पार्षद ऋतु चौरसिया, पार्षद धनश्री साहू, सचिव मुखी सिंह उपस्थित रहे। मुख्य अतिथि ने कबड्डी खेल को मिट्टी से जुड़ा खेल बताते हुए कहा कि इस खेल से शारीरिक और मानसिक विकास दोनों संभव है इसलिए आने वाले पीढ़ियों को भी इस खेल से जोड़ते जाना है ताकि आज के बच्चे इस खेल को खेल कर अपने आप को स्वस्थ रख सकें। अपने उद्बोधन उन्होंने खिलाड़ियों को खेल भावना से खेलने हेतु प्रेरित किया और हार जीत को नजरंदाज करते हुए अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने के लिए प्रोत्साहित किया साथ ही लगातार आयोजन के लिए युवा समिति को बधाई प्रेषित किया। विशिष्ट अतिथि अशोक तिवारी ने कबड्डी के खेल को हमारी संस्कृति और परंपरा से जुड़ा खेल बताते हुए कहा कि इस खेल से टीम भावना, एकजुटता और संगठन शक्ति के गुण सीखने को मिलता जुलता है। कार्यक्रम को श्याम लाल मरावी, जनपद सदस्य बलराम साहू, पार्षद ऋतु चौरसिया, ग्राम सचिव मुखी सिंह ने भी संबोधित किया। सभी अतिथियों ने सफलतम आयोजन के लिए युवा समिति के पदाधिकारियों को बधाई देते हुए प्रतियोगिता को राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित करने के लिए प्रेरित किया।
युवा समिति के अध्यक्ष केशव चन्द्रा ने बताया कि इस प्रतियोगिता में छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से 32 टीमों ने हिस्सा लिया। इस प्रतियोगिता के फाइनल मुकाबले में कोरबा क्लब की टीम ने अपने प्रतिद्वंदी नवापारा कटघोरा के टीम को 8 अंकों से पछाड़ कर खिताब अपने नाम किया। प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर रहने वाली टीम कोरबा क्लब को 30000 रूपये, द्वितीय पुरस्कार नवापारा कटघोरा को 20000 रूपये, तृतीय स्थान पर चंडीपारा तिलकेजा को 12000 रूपये एवं चतुर्थ स्थान पर वीर महाराणा प्रताप क्लब बालको को 7000 रूपये प्रदान किया गया। प्रतियोगिता का बेस्ट रेडर का खिताब नवापारा के बादल को 1000 रूपये, बेस्ट कैचर चंडीपारा तिलकेजा के खिलाड़ी नीतीश को 1000 रूपये, सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी कोरबा क्लब के सुरेंद्र सिंह को 2000 रूपये एवं सर्वश्रेष्ठ अनुशासित टीम ढोंढ़ी पारा कोरबा को 2000 रूपये दे कर सम्मानित किया गया साथ ही सभी विजेताओं को शील्ड भी प्रदान किया गया।
प्रतियोगिता को सफलता पूर्वक संचालित करने वाले निर्णायक मंडल के बाबू लाल चन्द्रा, नागेश ठाकुर, अशोक नायक, मधुसूदन शुक्ला, सुरेंद्र चन्द्रा, संजू बरेठ, अमर दास साहू, जीवन लाल वर्मा एवं रामाधार चन्द्रा को युवा समिति की ओर से सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में बालको एवं ग्राम बेलाकछार के डॉ कृष्ण कुमार चन्द्रा, अशोक दुबे, चंद्रमणि यादव, विवेक कुमार, डॉ नरेंद्र जायसवाल जी, कुंदन चन्द्रा, रमेश सोनी, रामनाथ बरेठ, देवेंद्र द्विवेदी, नारायण चन्द्रा, हेमनाथ पटेल, सुफल दास, हीरालाल पटेल, अभय यादव, देव
लाल यादव, बुढ़गा राम चन्द्रा, कौशल पटेल, दिलीप चौहान एवं अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
आयोजन में युवा समिति के अध्यक्ष केशव चन्द्रा, उपाध्यक्ष लक्ष्मण दास, तुलेश्वर यादव, नरेंद्र यादव, सचिव लिलेश्वर शर्मा, कोषाध्यक्ष सुशील देवांगन, संगठन सचिव प्रेम बरेठ, सहसचिव कृष्णा पटेल, लकेश्वर दास, गोपाल दास, टीमन दास, सोशल मीडिया प्रभारी मोहन चन्द्रा, प्रचार सचिव प्रफुल्ल बरेठ, वीरेंद्र यादव, रवि दास, अभिमन्यु देवांगन एवं कार्यकारिणी सदस्य प्रमोद बरेठ, रामेश्वर यादव, गोलू दास, वीरेंद्र राठौर, धन्नू देवांगन, संदीप चौहान, रिंकू दास, हेमंत साहू, सागर शर्मा, युवराज, रामबिसाल, करण, किस्मत, ओम, तरुण एवं अन्य सदस्यों ने अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया।