: बालको ने दिव्यांगों को दिया माहवारी स्वच्छता प्रबंधन प्रषिक्षण
Wed, Dec 7, 2022
बालकोनगर, 5 दिसंबर। वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने सामुदायिक विकास कार्यक्रम की परियोजना ‘नई किरण’ के अंतर्गत इनरव्हील एजुकेषन सोसाइटी संचालित दिव्य ज्योति स्कूल के दिव्यांग छात्राओं के लिए एक दिवसीय माहवारी स्वच्छता प्रबंधन प्रषिक्षण कार्यषाला आयोजित की। अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस पर आयोजित कार्यषाला में प्रतिभागियों को माहवारी स्वच्छता के अनेक आयामों से परिचित कराया गया। कार्यषाला के दौरान प्रतिभागियों को यौन एवं प्रजनन संबंधी अधिकारों की जानकारी भी दी गई। ‘नई किरण’ परियोजना का उद्देष्य महिलाओं और किषोरी बालिकाओं को माहवारी स्वच्छता के जैव वैज्ञानिक पहलुओं, स्वास्थ्य संबंधी जोखिमों और उनके समाधान, पोषण आहार आदि से परिचित कराना है।
बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेषक श्री अभिजीत पति ने कहा कि बालको की नई किरण परियोजना का उद्देष्य क्षेत्र की महिलाओं के स्वास्थ्य स्तर में उत्तरोत्तर सुधार तथा माहवारी संबंधी भ्रांतियों और शंकाओं का समाधान करना है। इसके अंतर्गत लक्षित महिलाओं को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक बनाने के लिए उन्हें अनेक गतिविधियों से जोड़ा गया है। माहवारी स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के प्रति जागरूकता अभियानों के निरंतर संचालन के जरिए समाज में माहवारी के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करने के प्रति बालको प्रबंधन कटिबद्ध है।
इनरव्हील एजुकेषन सोसाइटी की अध्यक्ष एवं दिव्य ज्योति स्कूल, कोरबा की प्राचार्य श्रीमती रीता खेत्रपाल ने बालको के अभियान की प्रषंसा करते हुए कहा कि दिव्यांग छात्राओं को माहवारी स्वच्छता के प्रति जागरूक बनाने की दृष्टि से कार्यषाला का आयोजन महत्वपूर्ण है। उन्होंने आयोजन के लिए बालको प्रबंधन को साधुवाद दिया।
बालको ने वर्ष 2019 से सार्थक जन विकास संस्थान के सहयोग से कोरबा जिले के 45 गांवों एवं नगर पालिक निगम क्षेत्रों में माहवारी स्वास्थ्य एवं स्वच्छता जागरूकता परियोजना लागू की। परियोजना के अंतर्गत स्वयं सहायता समूहों की 200+ महिलाओं, 600+ किशोर बालिकाओं और अग्रिम पंक्ति की 60 कार्यकर्ताओं को नेतृत्वकर्ताओं के तौर पर विकसित किया गया है जिससे वे समुदाय में जाकर माहवारी स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के प्रति बालिकाओं और महिलाओं को जागरूक करनें में सक्षम हुई हैं। अभियान के अंतर्गत पुरुषों को भी शामिल किया गया है ताकि वे महिलाओं के स्वास्थ्य की देखभाल में योगदान कर सकें। 60 किषोर बालकों को माहवारी स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता के लिए कम्यूनिटी चैंपियन के तौर पर प्रषिक्षित किया गया है। इस वर्ष बालको ने ग्रामीण क्षेत्रों में चार स्वास्थ्य सुविधा केंद्र विकसित किए जहां महिलाओं और किषोरियों को माहवारी स्वास्थ्य एवं स्वच्छता संबंधी जानकारी दी जाती है। परियोजना के दायरे में लगभग 45000 महिलाएं, किशोरी बालिकाएं, पुरुष और किषोर बालक शामिल हैं।
: कालेज में दी गई महिला सुरक्षा समेत कई जानकारी
Tue, Dec 6, 2022
अरविन्द तिवारी की रिपोर्टसक्ती - स्थानीय जवाहरलाल नेहरू महाविद्यालय में पुलिस अधीक्षक महोदय एम०आर०आहिरे के आदेश पर एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गायत्री सिंह के मार्गदर्शन में लैंगिक समानता महिलाओं पर होने वाले अपराध विविध लिंग के व्यक्तियों से होने वाले भेदभाव , महिला सुरक्षा , साइबर क्राइम , मोटर व्हीकल एक्ट की जानकारी दी गई। साथ ही पुलिस मुख्यालय रायपुर द्वारा महिलाओं की सुरक्षा के लिये बनाये गये अभिव्यक्ति ऐप के बारे में बताते हुये अभिव्यक्ति ऐप छात्र छात्राओं को डाउनलोड कराया गया। इस ऐप के माध्यम से संकट में फंसी महिलायें एवं बच्चे एसओएस बटन के माध्यम से तत्काल सहायता प्राप्त कर सकते हैं तथा अपनी शिकायत घर बैठे दर्ज करा सकते हैं। इस जागरूकता अभियान कार्यक्रम में सक्ती थाना प्रभारी निरीक्षक महतो , उप निरीक्षक ललित चंद्रा , सहायक उपनिरीक्षक शत्रुघ्न लाल राठौर के द्वारा जानकारी दिया गया। कार्यक्रम में कॉलेज के प्राचार्य डॉ० शालू पाहवा एवं स्टॉफ सहिऊ 250 छात्र छात्रायें उपस्थित थे।
: बालको ने दिव्यांगों को दिया माहवारी स्वच्छता प्रबंधन प्रशिक्षण
Tue, Dec 6, 2022
बालकोनगर, 6 दिसंबर। वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने सामुदायिक विकास कार्यक्रम की परियोजना ‘नई किरण’ के अंतर्गत इनरव्हील एजुकेशन सोसाइटी संचालित दिव्य ज्योति स्कूल के दिव्यांग छात्राओं के लिए एक दिवसीय माहवारी स्वच्छता प्रबंधन प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की। अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस पर आयोजित कार्यशाला में प्रतिभागियों को माहवारी स्वच्छता के अनेक आयामों से परिचित कराया गया। कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों को यौन एवं प्रजनन संबंधी अधिकारों की जानकारी भी दी गई। ‘नई किरण’ परियोजना का उद्देश्य महिलाओं और किशोरी बालिकाओं को माहवारी स्वच्छता के जैव वैज्ञानिक पहलुओं, स्वास्थ्य संबंधी जोखिमों और उनके समाधान, पोषण आहार आदि से परिचित कराना है।
बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक श्री अभिजीत पति ने कहा कि बालको की नई किरण परियोजना का उद्देश्य क्षेत्र की महिलाओं के स्वास्थ्य स्तर में उत्तरोत्तर सुधार तथा माहवारी संबंधी भ्रांतियों और शंकाओं का समाधान करना है। इसके अंतर्गत लक्षित महिलाओं को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक बनाने के लिए उन्हें अनेक गतिविधियों से जोड़ा गया है। माहवारी स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के प्रति जागरूकता अभियानों के निरंतर संचालन के जरिए समाज में माहवारी के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करने के प्रति बालको प्रबंधन कटिबद्ध है।इनरव्हील एजुकेशन सोसाइटी की अध्यक्ष एवं दिव्य ज्योति स्कूल, कोरबा की प्राचार्य श्रीमती रीता खेत्रपाल ने बालको के अभियान की प्रशंसा करते हुए कहा कि दिव्यांग छात्राओं को माहवारी स्वच्छता के प्रति जागरूक बनाने की दृष्टि से कार्यशाला का आयोजन महत्वपूर्ण है। उन्होंने आयोजन के लिए बालको प्रबंधन को साधुवाद दिया।बालको ने वर्ष 2019 से सार्थक जन विकास संस्थान के सहयोग से कोरबा जिले के 45 गांवों एवं नगर पालिक निगम क्षेत्रों में माहवारी स्वास्थ्य एवं स्वच्छता जागरूकता परियोजना लागू की। परियोजना के अंतर्गत स्वयं सहायता समूहों की 200+ महिलाओं, 600+ किशोर बालिकाओं और अग्रिम पंक्ति की 60 कार्यकर्ताओं को नेतृत्वकर्ताओं के तौर पर विकसित किया गया है जिससे वे समुदाय में जाकर माहवारी स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के प्रति बालिकाओं और महिलाओं को जागरूक करनें में सक्षम हुई हैं। अभियान के अंतर्गत पुरुषों को भी शामिल किया गया है ताकि वे महिलाओं के स्वास्थ्य की देखभाल में योगदान कर सकें। 60 किशोर बालकों को माहवारी स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता के लिए कम्यूनिटी चैंपियन के तौर पर प्रशिक्षित किया गया है। इस वर्ष बालको ने ग्रामीण क्षेत्रों में चार स्वास्थ्य सुविधा केंद्र विकसित किए जहां महिलाओं और किशोरियों को माहवारी स्वास्थ्य एवं स्वच्छता संबंधी जानकारी दी जाती है। परियोजना के दायरे में लगभग 45000 महिलाएं, किशोरी बालिकाएं, पुरुष और किशोर बालक शामिल हैं।