: वेदांता के 'प्रोजेक्ट पंछी' से लड़कियां बनेगी आत्मनिर्भर
Wed, Feb 12, 2025
*बालकोनगर, 24 जनवरी, 2025।* वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने वेदांता के 'प्रोजेक्ट पंछी' की शुरूआत की है, जिसका उद्देश्य देश के ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक रूप से पीछे रह गई लड़कियों के जीवन में बदलाव लाना है। यह परियोजना वेदांता समूह के चेयरमैन श्री अनिल अग्रवाल की समाज को वापस देने की सोच को साकार करते हुए, लड़कियों को प्रगति के नए अवसर प्रदान कर रहा है। इस परियोजना से लड़कियां आर्थिक एवं सामाजिक बाधाओं को पार कर अपनी शिक्षा पूरी करने तथा स्थायी आजीविका हासिल करने में सफल होंगी।‘पंछी परियोजना’ के अंतर्गत बालको द्वारा चयनित छत्तीसगढ़ की बेटियों को उचित शिक्षा दिलाने तथा उच्च औद्योगिक उपक्रम में काम करने के लिए प्रशिक्षित किया जा रहा है। ओपी जिंदल विश्वविद्यालय रायगढ़ के आवासीय परिसर में रहकर 76 लड़कियां 4 साल के स्नातक में अपनी शिक्षा पूरी कर रही हैं। इस कदम से उन बेटियों को नया कर दिखाने का हौसला मिलेगा जिनकी प्रगति की उड़ान पूरी तरह से थम चुकी थी। ‘पंछी परियोजना’ की मदद से ये लड़किया विकास की मुख्यधारा से जुड़ कर दुनिया को यह दिखा सकेंगी कि अगर जज्बे को सही प्रेरणा मिल जाए तो आकाश की ऊंचाइयां इनके मजबूत इरादों के पंखों से जीती जा सकती हैं।प्रोजेक्ट पंछी लड़कियों को शिक्षा और विकास के सर्वोत्तम अवसर प्रदान करने के साथ आर्थिक परिस्थितियों के कारण टूटे सपने को पूरा कर रहा है। कंपनी का दृढ़ विश्वास है कि इससे बेटियां सशक्त होंगी और समाज को आगे लेकर जाएंगी। बालको द्वारा सबसे उपयुक्त उम्मीदवारों का चयन सुनिश्चित किया गया है। वेदांता ने प्रत्येक स्थान पर विशेष चयन प्रक्रिया लागू की है। चयनित होने के बाद इन बेटियों को ख्याति प्राप्त शैक्षणिक संस्थानों से उच्च शिक्षा दिया जा रहा है। शिक्षा पूरी होने के बाद औपचारिक रूप से मुख्य संचालन में शामिल किया जाएगा। प्रोजेक्ट पंछी वेदांता कंपनी के अन्य व्यावसायिक स्थानों जैसे, ओडिशा के लांजीगढ़, झारसुगुड़ा और सुंदरगढ़ में भी चल रहा है।बालको के सीईओ राजेश कुमार ने कहा कि वेदांता समूह ने स्वावलंबन के क्षेत्र में ‘पंछी’ परियोजना से अनूठी शुरुआत की है, जो बेटियों को उनके अधूरे सपनों को साकार करने का रास्ता दिखाएगी। वेदांता समूह ने सामुदायिक विकास कार्यों के जरिए शिक्षा, स्वास्थ्य, आधारभूत संरचना विकास जैसे क्षेत्रों में महत्वपूर्ण कार्य किए हैं। इस परियोजना से हम एक उज्जवल भविष्य की तैयारी कर रहे हैं, जहां ये सशक्त बेटियां अपने जीवन और आसपास के समाज को बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। वेदांता समूह के चेयरमैन श्री अनिल अग्रवाल के मार्गदर्शन में वेदांता प्रतिभाओं की तलाश करने और उन्हें देश के विकास में योगदान के लिए तैयार करने की दिशा में कटिबद्ध है।प्रोजेक्ट पंछी सामाजिक सशक्तिकरण और विविधता के प्रति वेदांता समूह की प्रतिबद्धता को दर्शाता है जो पूरे भारत में इसके विभिन्न व्यवसायों में फैला है। यह परियोजना ग्रामीण समुदाय के भीतर विविधता, समावेशन को बढ़ावा देने और सामाजिक बदलाव लाने के वेदांता के लक्ष्य को दर्शाती है। यह वंचित, दूरदराज के समुदायों में योग्य बेटियों के लिए अवसर प्राप्ति के साथ स्थायी आजीविका के अवसर पैदा करके धातु एवं खनन क्षेत्र के भीतर जेंडर डायवर्सिटी को बढ़ावा देती है।
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: बालको ने 76वां गणतंत्र दिवस समारोह धूमधाम से संपन्न
Wed, Feb 12, 2025
*बालकोनगर, 27 जनवरी, 2025।* वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने 76वां गणतंत्र दिवस बालको स्टेडियम में बड़े उत्साह और धूमधाम के साथ मनाया। कार्यक्रम में 9000 से अधिक लोगों ने जोश और उत्साह के साथ हिस्सा लिया। समारोह की शुरूआत बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक श्री राजेश कुमार के ध्वज फहराने और राष्ट्रगान के साथ हुआ। उन्होंने परेड का निरीक्षण कर अनुशासित मार्च पास्ट की सलामी ली। ग्रांउड में शांति और स्वतंत्रता के प्रतीक के गुब्बारे भी हवा में छोड़े गए। सीईओ श्री राजेश ने बालको द्वारा हासिल किए गए सभी महत्वपूर्ण उपलब्धियों को भी दोहराया और सभी से विकास यात्रा में सक्रिय भागीदार बनने का आग्रह किया।
बालको और टाउनशिप की सुरक्षा में हमेशा तत्पर रहने वाले सुरक्षाकर्मियों ने परेड में उत्कृष्ट प्रदर्शन दिया। 15 स्कूलों के लगभग 2000 बच्चों ने पी.टी. ड्रिल, परेड, नृत्य प्रदर्शन और सांस्कृतिक कार्यक्रम में भागीदारी की। दर्शकों ने राष्ट्र की समृद्ध संस्कृति और विविधता का जश्न मनाते हुए बालको के प्रचालन क्षेत्र के पास के स्कूलों के जीवंत सांस्कृतिक प्रदर्शनों का आनंद लिया।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण देश की सांस्कृतिक विविधता एवं आत्मनिर्भर भारत को प्रदर्शित करने वाली झांकियों का जीवंत प्रदर्शन रहा। समुदाय के साथ संयुक्त उत्सव में बालको के विभिन्न विभाग पॉटलाइन, पॉवर प्लांट, रेलवे लॉजिस्टिक्स, एफ.एल.ए., मानव संसाधन, फायर, कॉरपोरेट अफेयर्स और सीएसआर कार्यों सहित विभिन्न व्यावसायिक कार्यों का प्रतिनिधित्व करने वाली मनोरम झांकियाँ प्रस्तुत कीं। आकर्षित रूप से डिजाइन की गई झांकियां बालको के संचालन के विविध पहलुओं को प्रस्तुत करने के साथ ही समुदायों को सशक्त बनाने की उसकी प्रतिबद्धता को भी प्रदर्शित कर रही थी। कार्यक्रम की सराहना करते हुए उत्कृष्ट झांकियों एवं सांस्कृतिक प्रस्तुति को सम्मानित भी किया गया।
देश की एकता, अखंडता एवं विश्व बंधुत्व के मूल्यों और सामूहिक प्रगति के प्रति बालको के समर्पण को दोहराते हुए सीईओ श्री राजेश कुमार ने कहा कि बालको में हम अपनी वृद्धि और विकास की यात्रा के बीच औद्योगिक कौशल, पर्यावरण प्रबंधन और सामुदायिक विकास के लिए प्रतिबद्ध हैं। हम कर्मचारियों और समुदायों के विकास को महत्व देते हैं। राष्ट्र निर्माण और दुनिया को सभी के लिए एक सस्टेनेबल भविष्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित वेदांता रिसोर्स, लंदन की मुख्य कार्यकारी अधिकारी देशनी नायडू ने कहा कि गणतंत्र दिवस समारोह में शामिल होना मेरे लिए गर्व की बात है। बालको औद्योगिक क्षेत्र के विकास के साथ ही सामुदायिक विकास को महत्व देता है। उन्होंने कहा कि बालको औद्योगिक क्षेत्र में एक लीडर की भूमिका में है जो विविधता एवं समावेशी कार्यस्थल को बढ़ावा देने की दिशा निरंतर आगे बढ़ रहा है।पांच विद्यार्थियों को मिला नगर गौरव पुरस्कार- समारोह में बालकोनगर क्षेत्र में संचालित सेंट्रल बोर्ड और छत्तीसगढ़ बोर्ड के विद्यार्थियों को उत्कृष्ट शैक्षणिक प्रदर्शन के लिए पुरस्कार दिए गए। कक्षा 10वीं में टॉप करने वाले 3 विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक तथा 10 हजार रुपए नगद तथा कक्षा 12वीं के 2 टॉपर विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक तथा लैपटॉप प्रदान कर उनके परिवारजनों की उपस्थिति में सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के अंत में परेड प्रस्तुतियों और झांकियों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली टीमों को पुरस्कृत किया गया।कार्यक्रम में बड़ी संख्या में बालको अधिकारी, कर्मचारी एवं उनके परिवारजन, व्यवसाय के साझेदार, विभिन्न श्रमिक संघों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में बालकोनगरवासी कार्यक्रम में मौजूद थे। बालको के मुख्य मानव संसाधन अधिकारी श्रीमती प्रज्ञा पाण्डे ने गंणतंत्र दिवस के सफल आयोजन के लिए सभी के प्रति आभार जताया।गणतंत्र दिवस उत्सव के उपरांत बालको के सीईओ एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारियों सहित बालको अस्पताल गए। जहां सभी ने समुदाय के प्रति कंपनी की प्रतिबद्धता स्वास्थ्य और कल्याण के महत्व पर जोर देते हुए मरीजों के बीच फल वितरित किए।
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: मोर जल मोर माटी ने लाख की खेती के माध्यम से ग्रामीण आय को दिया बढ़ावा
Wed, Feb 12, 2025
बालकोनगर, 6 फरवरी 2025। वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने अपनी सामुदायिक विकास पहल मोर जल मोर माटी के अंतर्गत लाख खेती के लिए प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया। इसका उद्देश्य लाख की खेती पर विशेष प्रशिक्षण प्रदान कर, किसानों को सशक्त बनाना है। इस प्रशिक्षण में उन लोगों पर ध्यान केंद्रित किया गया है जिनके पास बेर, कुसुम और पलाश जैसे पेड़ हैं जो इस के लिए आवश्यक हैं।
अधिक से अधिक किसानों तक पहुँचने के लिए अनेक सत्र आयोजित किये गए। आयोजित सत्र में 50 से अधिक किसानों ने भाग लिया। आने वाले समय में कई प्रशिक्षण सत्र और आयोजित किये जाएंगे। आने वाले समय में अधिक किसान इस पहल से लाभान्वित होंगे। आय के द्वितीयक स्रोत के रूप में लाख की खेती की शुरुआत कर बालको ने 400 से अधिक किसानों के लिए ₹50,000 की अतिरिक्त औसत आय उत्पन्न करने में मदद की है।
छत्तीसगढ़ एक प्रमुख लाख उत्पादक राज्य है। जलवायु परिवर्तन के कारण पैदावार में उतार-चढ़ाव का सामना कर रहा कोरबा कभी एक प्रमुख उद्योग केंद्र था। 2023 में मोर जल मोर माटी पहल ने आधुनिक तरीकों के साथ झारखंड से विशेषज्ञ प्रशिक्षण प्रदान करके क्षेत्र में लाख की खेती को पुनर्जीवित किया। इसने स्थानीय किसानों और कर्मचारियों को सशक्त बनाया है। किसान अब संसाधनों को साझा करते हैं और साथ मिलकर खेती करते हैं। इस पहल के साथ ब्रूड लाख की आपूर्ति होती है। इसकी खेती साल में दो बार होती है। बीज उत्पादन तथा व्यावसायिक उत्पादन, जिसके परिणामस्वरूप उत्पादन में वृद्धि होती है।लकड़ी की फिनिशिंग, भोजन, सौंदर्य प्रसाधन, आभूषण इत्यादि जरूरी चीजों में इसका उपयोग होता है। इसके व्यावसायिक मूल्य के साथ लाख की खेती समुदायों के लिए स्थायी आजीविका का समर्थन करने के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। साथ ही समुदाय द्वारा संचालित भूमि प्रबंधन को बढ़ावा देने तथा जैव विविधता संरक्षण में सहायता प्रदान करती है। कौशल और ज्ञान की कमी ने इसके विकास को सीमित कर दिया है। वैज्ञानिक खेती के तरीकों को अपनाने से मौजूदा लाख उगाने वाले क्षेत्रों में उत्पादकता को बढ़ावा मिलै है। लाख के उप-उत्पाद में ब्र, रंग और मोम शामिल हैं। इसका उपयोग खाद्य, सौंदर्य प्रसाधन, फार्मास्यूटिकल्स, कपड़ा, चिपकने वाले पदार्थ, वार्निश और पेंट जैसे उद्योगों में किया जाता है। बेहतर खेती के तरीके लाभप्रद होने के साथ किसानों को पारंपरिक फसलों के लिए अधिक आकर्षक विकल्प भी प्रदान करता है।बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक श्री राजेश कुमार ने कहा कि मोर जल मोर माटी प्रोजेक्ट के माध्यम से हम किसानों को कृषि नवाचार एवं आधुनिक तकनीक के जोड़कर सशक्त बनाने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। किसानों को नई तकनीक अपनाने के लिए आवश्यक ज्ञान और संसाधन से सशक्त बनाकर हम दीर्घकालिक विकास को बढ़ावा दे रहे हैं। आय का एक अतिरिक्त स्रोत प्रदान कर हम ग्रामीण समुदाय की आजीविका का समर्थन कर रहे हैं। यह प्रतिबद्धता आर्थिक प्रगति को आगे बढ़ाने और सभी क्षेत्रों में स्थिरता बढ़ाने के हमारे व्यापक दृष्टिकोण को दर्शाता है।कोरबा के परसाखोला गाँव के अमल ने अपनी कहानी साझा करते हुए कहते हैं कि एक किसान परिवार में पले-बढ़े होने के कारण, मैंने हमेशा लाख की खेती करने के बारे में सोचता था। हमारे गाँव का प्राकृतिक वातावरण इसके लिए एकदम सही है। हालांकि आर्थिक कारणों से मैंने अपनी आकांक्षाओं का पीछा नहीं किया। जब मुझे मोर जल मोर माटी परियोजना के बारे में पता चला तो यह बदल गया। इसके तहत बेला में वेदांता कृषि संसाधन केंद्र (वीएआरसी) में लाख के बीज और प्रशिक्षण प्रदान किया। प्रशिक्षण से मिली जानकारी से लाख की खेती शुरू की और लगभग ₹80,000 का लाभ कमाया।
बालको की मोर जल मोर माटी परियोजना 40 गांवों में लगभग 2200 एकड़ से अधिक भूमि के साथ 5700 किसानों तक अपनी पहुंच बना चुका है। परियोजना का कार्यान्वयन बायफ इंस्टीट्यूट फॉर सस्टेनेबल लाइवलीहुड के सहयोग किया जा रहा है। परियोजना मौजूदा संसाधनों के साथ सतही जल प्रबंधन में सुधार, सिंचाई सुविधाओं को बढ़ाने और वर्षा पर निर्भरता को कम करने के लिए बहु-फसल को बढ़ावा देने पर केंद्रित है। यह किसानों को लाख की खेती, पशुपालन, बागवानी और गैर-लकड़ी वन उपज जैसे नए रास्ते दिखाकर साल भर आय सृजन को सुनिश्चित किया है। किसानों विभिन्न प्रशिक्षण एवं कृषि नवाचार के लिए वेदांता एग्रीकल्चर रिसोर्स सेंटर (वीएआरसी) की स्थापना की गई है।
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