: वेदांता बालको ने अपने एल्यूमिनियम स्मेल्टर में बायोडीजल के उपयोग का सफलतापूर्वक परीक्षण किया
Wed, Feb 2, 2022
बालकोनगर, 2 नवंबर 2022। वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी (बालको) ने स्मेल्टर संचालन में बायोडीजल उपयोग करने के अपने पहले परीक्षण में सफलता प्राप्त की। कंपनी ने पिघले हुए गर्म धातु (एल्यूमिनियम) को लेकर जाने वाले लैडल्स को गर्म करने के लिए बायोडीजल का इस्तेमाल किया। गर्म धातु को उच्च ताप पर ही पॉटलाइन से कास्ट हाउस तक लेकर जाने के लिए लैडल्स की जरूरत पड़ती है। एक बड़े क्षेत्र में फैले हुए पॉटलाइन में एल्यूमिना पाउडर को इलेक्ट्रोलिसिस प्रक्रिया के द्वारा पिघले एल्यूमिनियम में परिवर्तित किया जाता है। लैडल के भीतर की नमी को खत्म करने के लिए प्रीहीटिंग प्रक्रिया अत्यंत महत्वपूर्ण है जिससे पिघले हुए एल्यूमिनियम को विभिन्न उत्पादों में परिवर्तित करने के लिए कास्ट हाउस लेकर जाने के दौरान धातु की शुद्धता और उच्च ताप को बनाये रखा जा सके।बायोडीजल कार्बनिक पदार्थों से प्राप्त ईंधन का रूप है जिसके उपयोग से जीवाश्म ईंधन की तुलना में काफी कम ग्रीनहाउस गैस (जीएचजी) उत्सर्जन होता है तथा साथ ही यह किसानों की आय वृद्धि में सहायक है। यह परीक्षण वेदांता कंपनी के विजन नेट जीरो कार्बन के अनुरूप है। इस दिशा में बालको हरित ईंधन के विभिन्न स्रोतों जैसे नवीकरणीय ऊर्जा, बायोमास, बायोडीजल आदि के माध्यम से अपने ऊर्जा मिश्रण में हरित ऊर्जा की मात्रा को बढ़ाने पर विचार कर रही है। कंपनी वर्तमान में प्रतिदिन 40-50 टन बायोमास ब्रिकेट का उपयोग करते हुए जीवाश्म ईंधन पर अपनी निर्भरता को कम कर रही है। भविष्य में बायोमास खपत की मात्रा को और बढ़ाने की योजना है।डीकार्बोनाइजेशन की यात्रा में ऊर्जा संरक्षण और हरित ईंधन में वृद्धि बालको के दो महत्वपूर्ण पहल है। वित्त वर्ष 2022 में बालको ने विभिन्न उर्जा संरक्षण के माध्यम से लगभग 22000 गीगा जूल ऊर्जा की बचत की है।बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक श्री अभिजीत पति ने कहा कि 2050 तक या उससे पहले कार्बन उत्सर्जन को शून्य करने की प्रतिबद्धता के अनुरूप हम संयंत्र को डीकार्बोनाइज करने के लिए मजबूत कदम उठा रहे हैं। हमने ग्रीन हाउस गैसों के उत्सर्जन को कम करने के तरीकों में सुधार एवं ऊर्जा के नवीकरणीय स्रोतों का अधिकतम उपयोग करने के लिए नवीन तकनीकों को अपनाया है। हमारे स्मेल्टर में बायोडीजल के सफल प्रायोगिक परीक्षण हमें अपने कार्बन फुटप्रिंट को कम करने की दिशा में प्रोत्साहित करते है। ईएसजी में उत्कृष्टता पहल के साथ बालको निरंतर सामाजिक-आर्थिक विकास के लिए व्यवसाय और पर्यावरण संरक्षण को एक साथ लाने की दिशा में लगातार काम कर रहा है।ईएसजी लक्ष्यों की दिशा में उत्कृष्ट कार्यों हेतु बालको को विभिन्न प्रतिष्ठित पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है। कंपनी को सबसे प्रतिष्ठित सम्मान आईएमसी आरबीएनक्यू माइलस्टोन मेरिट्स रिकग्निशन 2021 पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। साथ ही वित्तीय वर्षों में नेशनल एनर्जी लीडर्स अवार्ड 2022 तथा धातु क्षेत्र में उत्कृष्ट ऊर्जा प्रबंधन के लिए 23वां सीआईआई नेशनल अवार्ड फॉर एक्सीलेंस इन एनर्जी मैनेजमेंट पुरस्कार मिला। सीआईआई द्वारा लगातार तीसरी बार उत्कृष्ट ऊर्जा कुशल इकाई के रूप में मान्यता दी गई है।
: मानव सेवा मिशन ने फुटपाथ पर सोने वालों को वितरित किये कंबल
Wed, Dec 8, 2021
बालको संयंत्र में कार्य करने वाले युवाओं की समाज सेवी संस्था मानव सेवा मिशन ने कोरबा एवं आसपास के क्षेत्रों में फुटपाथ पर सोने वाले जरूरतमंदों एवं घुमंतू लोगों को ठंड से बचाने के लिए कंबल का वितरण किया।
मानव सेवा मिशन के द्वारा विगत दो वर्षों से लगातार ग्रामीण क्षेत्रों में सेवा कार्य किया जाता रहा है सेवा कार्य के इसी कड़ी में कोरबा शहर में फुटपाथ पर सोने वालों को संस्था के सदस्यों द्वारा रात्रि में घूम घूम कर कंबल प्रदान किया गया जिससे कि जरूरतमंदों को ठंड से बचने में राहत मिल सके।
यहां बताना लाज़मी होगा कि मानव सेवा मिशन ने प्रथम एवं द्वितीय लॉक डाउन में लगातार ग्रामीण क्षेत्रों में सूखा राशन उपलब्ध कराया था। लॉक डाउन के अलावा भी संस्था द्वारा हर महीने किसी न किसी रूप में सेवा कार्य किया जाता है।
सेवा कार्य में मानव सेवा मिशन के केशव चन्द्रा, अमर पटेल, संजय विजयवर्गीय, प्रभात शुक्ला एवं मनोज सिंह उपस्थित रहे एवं सक्रिय सदस्य राजेश धीवर, अशोक पटेल, दिनेश पृथ्वीकर, कमलेश बोहरपी और शैलेन्द्र जायसवाल सेवा कार्य में अपनी अहम भूमिका निभा रहे हैं।
: युवा जागृति संगठन द्वारा क्षेत्र में चलाया गया नशा मुक्ति अभियान
Wed, Dec 8, 2021
युवा जागृति संगठन के अध्यक्ष विकास डालमिया के मार्गदर्शन में तथा वरिष्ठ उपाध्यक्ष एवं नशा मुक्ति अभियान के संयोजक नागेंद्र राय एवं संगठन के महामंत्री एवं नशा मुक्ति अभियान के सह-संयोजक बुद्धेश्वर चौहान जी के नेतृत्व में एवं जोन प्रभारी सायदा खान के सहयोग से शुरू की गई नशा मुक्ति अभियान की शुरुआत की गईयुवा जागृति संगठन के इस अभियान को बालकों के समस्त वार्डों में चलाया जाएगा जिसकी शुरुआत वार्ड क्रमांक 40 नेहरू नगर से की गई जिसका उद्देश्य मुख्य रूप से समाज में जड़- जड़ तक पहुंच चुकी नसे की लत को खत्म करने की पहल की शुरुआत करनी है एवं निरंतर लड़ाई लड़ते हुए इसे खत्म करना है।नागेंद्र राय जी एवं बुद्धेश्वर चौहान जी ने बताया की किस प्रकार से इसी नशे की लत की वजह से संगठन के संस्थापक सदस्य स्वर्गीय राकेश गढ़वाल जी की मृत्यु हो गई एवं आज उनका परिवार अपने आप को किस प्रकार से असहाय महसूस कर रहा है ।इन्हीं चीजों से प्रभावित होकर संगठन ने समाज में अन्य किसी भी परिवार के साथ इस तरह की घटना घटित ना हो एवं ना कोई मां, ना कोई पत्नी ना, ही कोई बहन, ना ही कोई अन्य अपने परिवार के लोगों से नशे की वजह से दूर हो जाए एवं परेशान रहे जिस कारण इस मुहिम की शुरुआत की गई है एवं समाज के प्रत्येक व्यक्ति को नशे के गिरफ्त से बाहर करने की पूरी कोशिश घर-घर तक जाकर की जाएगी एवं समस्त वार्डों में एवं समस्त वार्डों में लोगों को नशे के गिरफ्त से बाहर निकालने हेतु निरंतर इस मुहिम को चलाती रहेगी।जिसकी पहल वार्ड क्रमांक 40 नेहरू नगर से की गई जिसमें बहुतायत मात्रा में माताएं एवं बहने उपस्थित रहीं जिन्होंने पूरी जोश के साथ हमारा इस मुहिम में साथ देने का वादा किया एवं साथ ही साथ वे स्वयं अपने घर के लोगों को इन चीजों से बाहर रखने हेतु अडीग रहेंगी इसका विश्वास दिलाया।जिसमें मुख्य रुप से उपस्थित संगठन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष श्री नागेंद्र राय जी महामंत्री बुद्धेश्वर चौहान जी उपाध्यक्ष श्रीकांत माझी जी, मीडिया प्रभारी शहजाद अहमद खान जी, माजिद खान जी,*माणीइंद्री चौहान, सरोजिनी ,निर्मला राम बाई, सूरूज माननेवार, राधा सारथी, राखी सारथी,झुना सिंह संतोषी गौतम, रुकमणी साहू, जुबेदा खान, संगीता श्रीवास ,उषा चौहान, रुकमणी चौहान ,वृंदा यादव एवं अन्य बस्ती वासी उपस्थित रहे।